ऐतिहासिक जनसभा में उमड़ा जनसैलाब, पीएम ने गिनाई सरकार की उपलब्धियां और बिहार के लिए नई योजनाओं का किया ऐलान
सीवान, बिहार: 20 जून 2025 – शुक्रवार का दिन सीवान के लिए ऐतिहासिक रहा, जब देश के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जिले के हुसैनगंज प्रखंड स्थित एक विशाल मैदान में एक भव्य जनसभा को संबोधित किया। प्रधानमंत्री के आगमन को लेकर सुबह से ही लोगों में जबरदस्त उत्साह देखा गया और देखते ही देखते कार्यक्रम स्थल जनसैलाब में तब्दील हो गया। ‘मोदी-मोदी’ के नारों से पूरा वातावरण गूंज उठा।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम और भव्य स्वागत:
प्रधानमंत्री के दौरे को लेकर सुरक्षा के चाक-चौबंद इंतजाम किए गए थे। चप्पे-चप्पे पर पुलिस बल तैनात था और ड्रोन कैमरों से लगातार निगरानी की जा रही थी। मंच को भव्य तरीके से सजाया गया था और स्थानीय कला व संस्कृति की झलक भी देखने को मिली। प्रधानमंत्री के हेलिकॉप्टर के लैंड करते ही हजारों की भीड़ ने उनका जोरदार स्वागत किया। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, और बिहार सरकार के कई अन्य वरिष्ठ मंत्री और स्थानीय सांसद-विधायक भी इस अवसर पर मौजूद थे।
प्रधानमंत्री का संबोधन: विकास, सुशासन और बिहार का उत्थान
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन की शुरुआत भोजपुरी में लोगों का अभिवादन करते हुए की, जिससे भीड़ में और उत्साह भर गया। उन्होंने बिहार की धरती को वीरों और ज्ञानियों की भूमि बताते हुए यहां के लोगों के योगदान की सराहना की।
अपने भाषण में, प्रधानमंत्री ने केंद्र सरकार की विभिन्न उपलब्धियों पर प्रकाश डाला, खासकर पिछले कुछ वर्षों में बिहार में हुए विकास कार्यों पर। उन्होंने ‘सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास’ के मंत्र को दोहराते हुए कहा कि सरकार बिना किसी भेदभाव के हर वर्ग के उत्थान के लिए प्रतिबद्ध है।
मुख्य घोषणाएं और योजनाओं का जिक्र:
प्रधानमंत्री ने सीवान और पूरे बिहार के लिए कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं और मौजूदा योजनाओं की प्रगति पर बात की:
- बुनियादी ढांचे का विकास: प्रधानमंत्री ने बिहार में सड़कों, पुलों और रेलवे नेटवर्क के विस्तार पर जोर दिया। उन्होंने सीवान से होकर गुजरने वाली कुछ नई राजमार्ग परियोजनाओं और रेलवे लाइनों के विद्युतीकरण के लिए विशेष धनराशि का ऐलान किया।
- कृषि और किसान कल्याण: उन्होंने किसानों की आय बढ़ाने के लिए सरकार द्वारा उठाए गए कदमों की जानकारी दी, जैसे पीएम किसान सम्मान निधि, कृषि उपज के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) में वृद्धि, और जैविक खेती को बढ़ावा देने की योजनाएं। सीवान जैसे कृषि प्रधान जिले के लिए यह घोषणाएं विशेष रूप से महत्वपूर्ण थीं।
- स्वास्थ्य सेवाएं: प्रधानमंत्री ने आयुष्मान भारत योजना के तहत स्वास्थ्य सेवाओं को हर घर तक पहुंचाने की सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने सीवान में एक नए स्वास्थ्य केंद्र के उन्नयन और बेहतर चिकित्सा सुविधाओं के विस्तार का भी जिक्र किया।
- शिक्षा और युवा सशक्तिकरण: युवाओं के लिए कौशल विकास कार्यक्रमों और रोजगार सृजन की योजनाओं पर भी प्रकाश डाला गया। उन्होंने बिहार में नए शिक्षण संस्थानों की स्थापना और मौजूदा संस्थानों के आधुनिकीकरण के लिए केंद्र सरकार की सहायता का वादा किया।
- पर्यटन को बढ़ावा: बिहार के समृद्ध इतिहास और धार्मिक पर्यटन स्थलों का जिक्र करते हुए, प्रधानमंत्री ने पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए नई योजनाओं की घोषणा की, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को लाभ मिलेगा। सीवान से सटे कुछ ऐतिहासिक स्थलों के विकास की भी बात कही गई।
- हर घर जल और स्वच्छता: प्रधानमंत्री ने हर घर नल का जल योजना की सफलता का जिक्र किया और स्वच्छता अभियान को जारी रखने की बात कही।
विपक्ष पर साधा निशाना:
अपने संबोधन के दौरान, प्रधानमंत्री ने बिना किसी का नाम लिए विपक्ष पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कुछ लोग केवल परिवारवाद और भ्रष्टाचार की राजनीति करते हैं, जबकि उनकी सरकार देश और राज्य के विकास के लिए समर्पित है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे उन ताकतों से सावधान रहें जो समाज को बांटने का काम करती हैं।
स्थानीय नेताओं का संबोधन:
प्रधानमंत्री के आगमन से पहले, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने भी जनसभा को संबोधित किया। मुख्यमंत्री ने बिहार में सुशासन और विकास के लिए केंद्र सरकार के सहयोग की सराहना की। उन्होंने राज्य में चल रही विभिन्न विकास परियोजनाओं की जानकारी दी।
निष्कर्ष:
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का सीवान दौरा बिहार के विकास की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ। उनकी जनसभा में उमड़ी भीड़ ने यह दर्शाया कि जनता का विश्वास अभी भी उनकी नीतियों और दूरदर्शिता में कायम है। यह दौरा न केवल सीवान बल्कि पूरे बिहार के लिए एक सकारात्मक संदेश लेकर आया है, जो राज्य के उज्ज्वल भविष्य की ओर संकेत करता है।